Vande Bharat trains inauguration : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (PM Modi) ने आज वाराणसी रेलवे स्टेशन से वाराणसी-खजुराहो वंदे भारत एक्सप्रेस ट्रेन (Vande Bharat Express Train) को हरी झंडी दिखाकर रवाना कर दिया है. यह एक बहुत ही खास और खुशी का मौका था. स्टेशन पर चारों तरफ उत्सव जैसा माहौल था. लोग बहुत उत्साहित थे और प्रधानमंत्री की एक झलक पाने के लिए बेताब नजर आ रहे थे.प्लेटफॉर्म नंबर 8 पर हर कोई प्रधानमंत्री मोदी को देखने के लिए इकट्ठा हो गया था.
इस मौके पर प्रधानमंत्री मोदी ने बताया कि आज सिर्फ वाराणसी-खजुराहो वंदे भारत ही नहीं, बल्कि तीन अन्य नई वंदे भारत ट्रेनों को भी हरी झंडी दिखाई गई है. ये ट्रेनें हैं फिरोजपुर से दिल्ली जाने वाली वंदे भारत, लखनऊ से सहारनपुर जाने वाली वंदे भारत और एर्नाकुलम से बेंगलुरु जाने वाली वंदे भारत. अब पूरे देश में 160 से ज्यादा नई वंदे भारत ट्रेनें चल रही हैं, जो यात्रियों के लिए बहुत सुविधाजनक और तेज़ सफर प्रदान कर रही हैं.
बड़ा राष्ट्रीय अभियान
प्रधानमंत्री मोदी ने अपने भाषण में कहा कि वंदे भारत, नमो भारत और अमृत भारत जैसी आधुनिक ट्रेनें भारतीय रेलवे की नई पीढ़ी की मजबूत नींव रख रही हैं. ये सिर्फ साधारण रेल परियोजनाएं नहीं हैं, बल्कि पूरे भारतीय रेलवे को पूरी तरह से बदलने का एक बड़ा राष्ट्रीय अभियान है. उन्होंने वंदे भारत ट्रेन को ‘भारतीयों की, भारतीयों द्वारा और भारतीयों के लिए बनाई गई ट्रेन’ बताया और कहा कि हर भारतीय को इस पर गर्व महसूस करना चाहिए. ये ट्रेनें भारत की तकनीक और मेहनत का शानदार उदाहरण हैं.
संबोधन में क्या बोले पीएम?
प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में तीर्थ यात्राओं के बारे में भी बहुत अच्छी बातें कही. उन्होंने कहा कि भारत में सदियों से तीर्थ यात्राएं देश की आत्मा और चेतना को जोड़ने का काम करती रही हैं. ये सिर्फ भगवान के दर्शन का रास्ता नहीं हैं, बल्कि हमारी संस्कृति और आस्था को मजबूत बनाने वाली पवित्र परंपरा हैं.प्रयागराज, अयोध्या, हरिद्वार, चित्रकूट और कुरुक्षेत्र जैसे पवित्र स्थान हमारी आध्यात्मिक धारा के बड़े केंद्र हैं.अब जब ये सभी पवित्र जगहें वंदे भारत ट्रेनों के नेटवर्क से जुड़ रही हैं, तो इससे भारत की संस्कृति, आस्था और विकास तीनों एक साथ आगे बढ़ रहे हैं. यह कदम हमारे पुराने विरासत वाले शहरों को आधुनिक विकास के प्रतीक में बदलने की दिशा में एक बहुत बड़ा और ऐतिहासिक कदम है. इससे तीर्थयात्री आसानी से और कम समय में इन जगहों पर पहुंच सकेंगे.
पीएम ने की बच्चों से बात
कार्यक्रम के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने ट्रेन में सवार स्कूली बच्चों से बातचीत की. उन्होंने बच्चों द्वारा बनाई गई सुंदर पेंटिंग्स को ध्यान से देखा और उनकी तारीफ की. बच्चे बहुत खुश थे, इसके बाद प्रधानमंत्री बनारस रेलवे स्टेशन से बनारस लोकोमोटिव वर्क्स (बीएलडब्ल्यू) पहुंचे. वहां थोड़ी देर रुकने के बाद वे बिहार के दरभंगा के लिए रवाना हो गए. बीएलडब्ल्यू में उनका भव्य स्वागत किया गया और सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम थे. प्रधानमंत्री ने बाबा विश्वनाथ की पावन नगरी वाराणसी में आयोजित इस भव्य कार्यक्रम में सभी देशवासियों को शुभकामनाएं दीं.उन्होंने कहा कि काशी का यह आयोजन पूरे भारत की सांस्कृतिक और आध्यात्मिक ताकत का प्रतीक है. विकसित देशों की तरक्की का सबसे बड़ा राज उनका मजबूत इ्दशमलों इंफ्रास्ट्रक्चर होता है.अब भारत भी इसी रास्ते पर चल रहा है। सड़कें, रेल, मेट्रो, एयरपोर्ट, डिजिटल नेटवर्क और स्मार्ट शहर मिलकर देश की दिशा और दशा बदल रहे हैं.
योगी से पीएम की मुलाकात
प्रधानमंत्री मोदी अपने संसदीय क्षेत्र वाराणसी के दो दिवसीय दौरे पर हैं. वे शुक्रवार शाम को ही वाराणसी पहुंच गए थे. आज सुबह करीब 8:15 बजे उन्होंने चार नई वंदे भारत ट्रेनों को जनता को समर्पित किया. स्टेशन को फूल-मालाओं, रंग-बिरंगी सजावट से सजाया गया था. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव भी मौजूद थे. कार्यक्रम के बाद प्रधानमंत्री प्रबुद्ध जनों से संवाद करेंगे. पूरे स्टेशन पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम थे और छावनी जैसा माहौल था.
ये चार नई ट्रेनें इस प्रकार हैं:
बनारस–खजुराहो वंदे भारत एक्सप्रेस: यह ट्रेन वाराणसी, प्रयागराज और चित्रकूट जैसे महत्वपूर्ण धार्मिक स्थलों को जोड़ेगी.इससे पहले वाली विशेष ट्रेन की तुलना में करीब ढाई घंटे का समय बचेगा. यात्रियों को बहुत सुविधा होगी.
लखनऊ–सहारनपुर वंदे भारत एक्सप्रेस: इससे लखनऊ, सीतापुर, बरेली, मुरादाबाद, सहारनपुर जैसे शहरों के लोग फायदा उठाएंगे. रुड़की होते हुए हरिद्वार जाना भी आसान हो जाएगा.
फिरोजपुर–दिल्ली वंदे भारत एक्सप्रेस: यह अपने रूट पर सबसे तेज़ ट्रेन होगी. दिल्ली से पंजाब के बठिंडा, पटियाला जैसे शहरों का संपर्क मजबूत होगा.
एर्नाकुलम–बेंगलुरु वंदे भारत एक्सप्रेस: दक्षिण भारत में यह ट्रेन यात्रा के समय को दो घंटे से ज्यादा कम कर देगी.यात्रियों को तेज़, सुरक्षित और आरामदायक सफर मिलेगा.
ये सभी ट्रेनें भारत को तेज़ी से जोड़ रही हैं और लोगों की जिंदगी आसान बना रही हैं। प्रधानमंत्री के इस प्रयास से रेल यात्रा अब और भी मजेदार और गर्व की बात हो गई है.
