बॉलीवुड एक्ट्रेस, प्रोड्यूसर और एंटरप्रोन्योर कृति सैनन (Kriti Senon) ने एक और ऐतिहासिक अचीवमेंट अपने नाम कर ली है. उन्होंने विश्व स्वास्थ्य शिखर सम्मेलन 2025 (World Health Summit 2025) में बतौर स्पीकर हिस्सा लेकर बर्लिन में इस प्रतिष्ठित मंच पर बोलने वाली पहली भारतीय एक्ट्रेस बनने का गौरव हासिल किया. यह सम्मेलन हर साल दुनिया भर के हेल्थ एक्सपर्ट्स,पॉलिसी मेकर्स, साइंटिस्ट और सोशल एक्टिविस्ट को एकजुट करता है, जहां ग्लोबल हेल्थ से जुड़े अहम मुद्दों पर चर्चा की जाती है.
इस खास मौके पर कृति सैनन ने अपनी प्रभावशाली प्रजेंस से न सिर्फ भारत का नाम रोशन किया बल्कि उन्होंने इस मंच का उपयोग महिलाओं के स्वास्थ्य और जेंडर इक्वालिटी जैसे बेहद सेंसटिव और ज़रूरी मुद्दों को प्रमुखता से उठाने के लिए किया. वह यूएनएफपीए (UNFPA) की भारत में जेंडर इक्वालिटी के लिए मानद एबेसडर के रूप में इस इवेंट का हिस्सा बनी.
महिलाओं का स्वास्थ्य कोई सेकंडरी मुद्दा नहीं है
कृति ने जिस हाई लेवल सेसन में स्पीच दिया, उसका टॉपिक था विमेंस हेल्थ- ग्लोबल अस्सेस्ट: एडवांसिंग रिटर्न ऑन बोल्ड इनवेस्टमेंट को बढ़ावा देना (Women’s Health – A Global Asset: Advancing Returns on Bold Investments). अपनी स्पीच के दौरान उन्होंने डीप सेंसिटिविटी और विश्वास के साथ कहा, ‘महिलाओं का स्वास्थ्य कोई सेकंडरी मुद्दा नहीं है, बल्कि यह मानवता की प्रगति, समृद्धि और हमारे साझा भविष्य की आधारशिला है.’
Kriti Sanon becomes first Indian celebrity to address the World Health Summit spotlighting women's health as a catalyst for equality and growth. The actor is UNFPA India's Honorary Ambassador for Gender Equality. (Video by @runaanu) pic.twitter.com/UG9rRlyjGF
— Express Pune Resident Editor (@ExpressPune) October 15, 2025
महिलाओं के स्वास्थ्य पर निवेश
उन्होंने यह भी पॉइंटआउट किया कि भले ही महिलाएं दुनिया की कुल आबादी का लगभग आधा हिस्सा हैं, लेकिन उनके स्वास्थ्य पर किया जाने वाला निवेश अभी भी बेहद सीमित और असमान है. सैनन ने आंकड़ों का हवाला देते हुए बताया कि महिलाओं के स्वास्थ्य में किए गए हर 300 मिलियन अमेरिकी डॉलर के इन्वेस्ट पर लगभग 13 बिलियन अमेरिकी डॉलर का इकोनॉमिक रिटर्न मिलता है यानी निवेश पर नौ गुना से अधिक लाभ.
उनके बिना कुछ भी नहीं
कृति ने अपने भाषण में यह भी कहा, ‘महिलाओं के स्वास्थ्य में निवेश करना सिर्फ एक नैतिक ज़िम्मेदारी नहीं है, बल्कि यह हमारे समाज और फ्यूचर की स्टेबिलिटी के लिए एक स्ट्रैटेजिक इंवेस्टमेन भी है. स्वस्थ महिलाएं ही परिवारों, समुदायों और पूरी अर्थव्यवस्था की नींव को मज़बूत बनाती हैं.’ कृति ने ‘कुछ भी उसके बारे में नहीं, कुछ भी उसके बिना नहीं’ (Nothing about her, without her) के सिद्धांत को समर्थन देते हुए इस बात पर बल दिया कि महिलाओं को स्वास्थ्य नीति-निर्माण की प्रक्रिया का केंद्र बनाया जाना चाहिए. उनके अनुसार, महिलाएं अपने स्वास्थ्य और कल्याण से संबंधित फैसलों में शामिल नहीं की जातीं, जबकि वही इन नीतियों से सबसे ज़्यादा प्रभावित होती हैं.
बदलाव की है जरूरत
कृति ने अपने भारत में किए गए सोशल कैंपिंग और अनुभवों का जिक्र करते हुए बताया कि आज भी लाखों महिलाएं चाइल्ड मैरिज, कमजोर मातृ देखभाल, और स्वास्थ्य सेवाओं तक सीमित पहुंच जैसी समस्याओं से जूझ रही हैं. उन्होंने कहा कि अगर सरकारें और संस्थाएं समय पर हस्तक्षेप करें, तो महिलाओं के जीवन की गुणवत्ता में व्यापक सुधार लाया जा सकता है.
करियर और अचीवमेंट्स
कृति सैनन न सिर्फ एक सफल एक्ट्रेस हैं, बल्कि उन्होंने अपने काम से बॉलीवुड में महिलाओं की नई पहचान बनाई है. जेपी इंस्टीट्यूट ऑफ इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी से इंजीनियरिंग की डिग्री लेने के बाद उन्होंने कुछ समय के लिए मॉडलिंग की और फिर 2014 में फिल्मों की दुनिया में कदम रखा. उनकी पहली फिल्में ‘1: नेनोक्कादीन’ (तेलुगु) और ‘हीरोपंती’ (हिंदी) थी. ‘हीरोपंती’ के लिए उन्हें फिल्मफेयर बेस्ट डेब्यू एक्ट्रेस अवॉर्ड मिला और इसके बाद उन्होंने कभी पीछे मुड़कर नहीं देखा. उनकी सफल फिल्मों की लिस्ट में ‘दिलवाले’, ‘बरेली की बर्फी’, ‘लुका छुपी’, ‘हाउसफुल 4’, ‘मिमी’, और ‘भेड़िया’ जैसी फिल्में शामिल हैं. ‘मिमी’ में उनकी दमदार भूमिका के लिए उन्हें नेशनल फिल्म अवार्ड और फिल्मफेयर बेस्ट एक्ट्रेस अवॉर्ड दोनों मिले. कृति की हालिया फिल्मों में ‘तेरी बातों में ऐसा उलझा जिया’ और ‘क्रू’ ने बॉक्स ऑफिस पर शानदार प्रदर्शन किया. वहीं उनकी अपकमिंग फिल्म ‘तेरे इश्क में’, जो आनंद एल. राय के निर्देशन में बनी है और जिसमें वह धनुष के साथ नज़र आएंगी, 28 नवंबर 2025 को रिलीज़ होने जा रही है. इसके टीज़र ने पहले ही दर्शकों में भारी उत्साह पैदा कर दिया है.
